भोपाल। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि विशेष पिछड़ी सहरिया, बैगा और भारिया जनजाति की बहनों की जिंदगी को खुशहाल और बेहतर बनाना हमारा लक्ष्य है। रोटी, कपड़ा, मकान, पढ़ाई-लिखाई, दवाई और रोजगार का इंतजाम सरकार की प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री श्री चौहान आज मंत्रालय में सहरिया बैगा और भारिया जनजाति की महिलाओं को आहार अनुदान की राशि के वर्चुअल अंतरण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने जनजातीय कार्य विभाग की आहार अनुदान योजना में 2 लाख 30 हजार 969 पात्र महिला हितग्राहियों को जनवरी 2022 की 23 करोड़ 9 लाख 69 हजार रुपए की राशि सिंगल क्लिक से अंतरित की। राज्य शासन द्वारा इन तीन जनजाति वर्ग की महिलाओं को आहार अनुदान योजना में प्रतिमाह एक-एक हजार रुपए की राशि प्रदान की जा रही है। जनजातीय कार्य मंत्री सुश्री मीना सिंह, प्रमुख सचिव श्रीमती पल्लवी जैन उपस्थित थीं। कार्यक्रम में 14 जिलों की सहरिया, बैगा और भारिया जनजाति की बहनें वर्चुअली सम्मिलित हुई।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने शहडोल जिले की श्रीमती रमनी बैगा एवं श्रीमती प्रेमिया बैगा, छिंदवाड़ा जिले की श्रीमती संगीता भारती और दतिया जिले की श्रीमती प्रभा सहरिया एवं श्रीमती गीता सहरिया से संवाद किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बहनों को कोरोना महामारी से बचाव की समझाइश दी। उन्होंने कहा कि सहरिया बैगा और भारिया जनजाति के विकास और कल्याण के लिए राज्य सरकार कोई कमी नहीं छोड़ रही है। बच्चों की पढ़ाई लिखाई से लेकर इलाज, आवास, गैस कनेक्शन, सस्ता राशन, पीने के पानी की व्यवस्था के साथ स्व-सहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं को रोजगार से भी जोड़ा जा रहा है।