सैन फ्रांसिस्को.। सर्च इंजन गूगल ने शुक्रवार को अपने कर्मचारियों के लिए एक दिशा-निर्देश जारी कर कहा कि वे अपने सहकर्मियों के साथ राजनीतिक या अन्य मुद्दों पर बहस करने के बजाय अपने काम पर ध्यान केंद्रित करें। गाइडलाइंस में मैनेजर और फोरम का नेतृत्व करनेवाले व्यक्ति को कहा गया है कि यदि कोई कर्मचारी इन नियमों का उल्लंघन करता है तो उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
नई गाइडलाइंस के तहत कर्मचारियों को अपने काम को लेकर जिम्मेदार, सहायक और विचारशील बनने को कहा गया है। ऐसा माना जा रहा है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के गूगल पर राष्ट्रपति चुनाव में हेरा-फेरी करने का आरोप लगाया था। इसके बाद कंपनी ने यह कदम उठाया। हालांकि गूगल के बारे में कहा जाता है कि वह अपने कर्मचारियों को अपनी मन की बात कहने के लिए हमेशा प्रोत्साहित करती रही है।
गाइडलाइंस के मुताबिक, “अपने सहकर्मियों के साथ सूचना और विचार साझा करने से एक बेहतर कम्युनिटी का निर्माण होता है जबकि राजनीति और अन्य समाचार पर की गई बहस से सिर्फ बाधा पहुंचती है। हमारी पहली प्राथमिकता है कि कर्मचारी वह काम करें, जिसके लिए हमने उन्हें भर्ती की है। हम नहीं चाहते कि वे गैरजरूरी मुद्दों को लेकर बहस करके समय बर्बाद करें।”
गाइडलाइंस में कहा गया है, “कर्मचारियों के बीच हुई बहस से उनकी टिप्पणी सार्वजनिक होगी। इससे कंपनी को जिम्मेदार ठहराया जा सकता है और इसका गलत प्रभाव पड़ेगा। गूगल के किसी भी उत्पादों या कारोबार को लेकर गलत या भ्रामक बयान देने से बचें, क्योंकि इससे हमारे उत्पादों और काम को लेकर लोगों के बीच भरोसा कम हो सकता है।”
