Type Here to Get Search Results !

पकने के बाद बारिश से खेतों में सड़ने लगी उड़द, फलियों में अंकुरित हुए दाने,अच्छी फसल की उम्मीद पर पानी फिरा

बेगमगंज। विगत तीन दिनों से लगातार हो रही बारिश ने उड़द उत्पादक किसानों की चिंता बढ़ा दी है। पककर तैयार हो चुकी उड़द की फसल खेतों में ही सड़ने लगी है। कई खेतों में बारिश का पानी जमा होने और लगातार नमी बने रहने से उड़द की फलियां खराब हो रही हैं। वहीं कई स्थानों पर फलियों के अंदर ही दाने अंकुरित होने लगे हैं। इससे किसानों को फसल की गुणवत्ता के साथ उत्पादन और आमदनी में भी नुकसान की आशंका है।


इस वर्ष बेगमगंज तहसील क्षेत्र में किसानों सेकड़ो हैक्टेयर क्षेत्र में उड़द की बोवनी की थी। मौसम के अनुकूल रहने से शुरुआत में फसल की स्थिति अच्छी थी और किसानों को बेहतर उत्पादन की उम्मीद थी। फसल पकने के बाद किसानों ने कटाई की तैयारी शुरू कर दी थी, लेकिन इसी दौरान लगातार बारिश होने से खेतों में खड़ी फसल प्रभावित हो गई।

किसान राम सिंह विश्वकर्मा ने बताया कि उन्होंने उड़द की बोवनी की थी। इस बार फसल अच्छी दिखाई दे रही थी और उत्पादन भी बेहतर होने की उम्मीद थी। फसल पकने के अंतिम चरण में पहुंचने के बाद तीन-चार दिन की बारिश ने पूरी मेहनत पर पानी फेर दिया। अब खेत में खड़ी फसल सड़ने लगी है।

किसान सोनू यादव ने बताया कि पहले रिमझिम बारिश होती रही, लेकिन अंतिम समय में हुई तेज बारिश से उड़द की फसल को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। लगातार नमी के कारण फलियां खराब हो रही हैं और कई जगह दाने फलियों के अंदर ही अंकुरित हो गए हैं।

कटाई के समय बारिश बनी सबसे बड़ी परेशानी

किसानों के मुताबिक उड़द की फसल पकने के बाद यदि बारिश हो जाए तो फलियों में नमी बढ़ने से दाने खराब होने लगते हैं। किसानों ने प्रशासन से सर्वे कराकर बारिश से हुए नुकसान का आकलन कराने और नियमानुसार राहत दिलाने की मांग की है।