मंदसौर के पिपल्यामंडी में छह जून 2017 को किसान आंदोलन के दौरान पुलिस गोलीचालन में छह किसानों की मौत के मामले पर विधायक हर्ष विजय गहलोत द्वारा प्रश्न पूछा गया। प्रश्न के लिखित जवाब में गृहमंत्री बाला बच्चन ने कहा है कि हिंसक भीड़ को नियंत्रित करने के लिए एसडीएम श्रवण भंडारी ने आत्मरक्षा में और शासकीय संपत्ति को नुकसान से बचाने के लिए गोली चलाने का निर्देश दिया।
गृह मंत्री बाला बच्चन ने आज विधानसभा में कहा कि छह जून 2017 को मंदसौर में महू-नीमच हाईवे रोड बही चौपाटी पर कार्यपालिक दंडाधिकारी की गैरमौजूदगी में पुलिस ने मानक प्रक्रिया का पालन करते हुए आत्मरक्षा में और निजी-शासकीय संपत्ति को नुकसान से बचाने के लिए गोलीबारी की। पिपल्यामंडी में मल्हारगढ़ एसडीएम श्रवण भंडारी ने अनियंत्रित भीड़ को रोकने और संपत्ति को नुकसान से बचाने के लिए विधिक प्रक्रिया के मुताबिक गोली चलाने का आदेश दिया।
कार्यवाही की जाएगी: बच्चन ने बताया कि घटना के संबंध में मध्यप्रदेश शासन द्वारा निष्पक्ष जांच के लिए सेवानिवृत न्यायमूर्ति जे के जैन को जांच सौंपी गई थी। जांच रिपोर्ट पर परीक्षण के बाद कार्यवाही की जाएगी।
मध्यप्रदेश में 93 हजार से ज्यादा बच्चे अतिकम वजन वाले : कुपोषण से लड़ने के प्रयासों के बीच भी मध्यप्रदेश में 93 हजार से ज्यादा बच्चे अतिकम वजन की श्रेणी में दर्ज हैं। महिला एवं बाल विकास मंत्री इमरती देवी ने कांग्रेस विधायक डॉ हीरालाल अलावा के एक सवाल के लिखित जवाब में ये जानकारी दी। मंत्री ने बताया कि विभागीय पोर्टल में दिसंबर 2018 तक की दर्ज जानकारी के मुताबिक 93 हजार 81 बच्चे अतिकम वजन वाले हैं। इनमें से 35 हजार 627 अनुसूचित जनजाति और 57 हजार 454 गैर जनजाति वर्ग के हैं। एक अन्य सवाल के लिखित जवाब में उन्होंने बताया कि राज्य सरकार द्वारा वर्तमान में किसी भी एजेंसी से कुपोषण का सर्वे नहीं कराया जा रहा है।