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मप में 30 तक लॉकडाउन और भीलवाड़ा फॉर्मूला अपनाएगी सरकार!


भोपाल। कोरोना से निपटने के लिए अब मध्य प्रदेश में भी भीलवाड़ा फॉर्मूला अपनाने और लॉक डाउन 30 अप्रैल तक बढ़ाने की तैयारी है। बस पीएम से हरी झंडी मिलने का इंतज़ार है। 15 ज़िलों में वो पहले ही 46 जगहों को कोरोना के लिए हॉट स्पॉट डिक्लेयर कर चुकी है। सरकार की कोशिश है इन इलाकों में सख्ती के साथ लॉक डाउन कराया जाए और बाकी दूसरे इलाकों में कफ्र्यू में मामूली ढील दी जाए।
कोरोना वायरस से सबसे पहले संक्रमित भीलवाड़ा में प्रशासन ने अब हालात पर काबू पा लिया है। वहां प्रशासन ने टोटल लॉक डाउन कर और  हॉटस्पॉट बनाकर कोरोना संक्रमण को फैलने से रोकने लिया था। अब उसी फार्मूले को प्रदेश की बीजेपी सरकार लागू करने की तैयारी में है। इसकी शुरुआत 15 जिलों में 46 हॉटस्पॉट घोषित कर कर दी है।
कोरोना टेस्ट जरूरी
जिन इलाकों को हॉटस्पॉट घोषित किया गया है वहां हर एक घर का सर्वे कराकर बुखार, जुकाम और खांसी से पीडि़त व्यक्तियों का टेस्ट कराया जाएगा। यदि किसी में कोरोना के लक्षण मिले तो उसे तत्काल आइसोलेट कर पर्याप्त इलाज मुहैया कराया जाएगा। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बुखार सर्दी जुकाम खांसी से पीडि़त मरीजों का कोरोना टेस्ट कराना अनिवार्य कर दिया है। सरकार अब उन जिलों पर भी फोकस बढ़ाने जा रही है जहां कोरोना वायरस संक्रमण फैलने के कारण टोटल लॉक किया गया है।इसमें इंदौर,भोपाल और उज्जैन जिले शामिल हैं। यहां पर सरकार ना सिर्फ डॉक्टरों की टीम बल्कि प्रशासनिक अफसरों का दल बनाकर सर्वे और इलाज की मुहिम चलाने की तैयारी में है। इसके लिए मंत्रालय में बैठे अफसरों को भी मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी सौंपी गई है।  सरकार की कोशिश है कि कोरोना के संक्रमण को फैलने से रोका जाए और प्रदेश में संक्रमित जिलों से कोरोना वायरस दूसरे जिलों में या  इलाकों में ना फैले।
किट कम ना हों
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने हॉटस्पॉट वाले 15 जिलों में कोरोना टेस्ट किट पर्याप्त मात्रा में पहुंचाने के लिए कहा है। सीएम भोपाल, इंदौर, उज्जैन सहित इन जिलों में लॉक डाउन 30 अप्रैल तक बढ़ाने के  संकेत पहले ही दे चुके हैं। हालांकि इस पर फैसला कल पीएम मोदी के साथ होने वाली वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के बाद होगा। अब सरकार की कोशिश इस बात को लेकर है कि कोरोना वायरस के संक्रमण को दूसरी जगह फैलने से रोका जाए। इसके लिए जो दिशा-निर्देश जारी किए नहीं उसका सख्ती के साथ पालन हो।
एक और कदम
एक दिन पहले ऑडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सीएम शिवराज ने बीजेपी विधायक, सांसद और जिला अध्यक्षों के साथ चर्चा की थी। इसमें बीजेपी सांसद नंदकुमार सिंह चौहान ने सरकार को  सुझाव दिया था कि भीलवाड़ा फॉर्मूले को अपनाते हुए सख्ती के साथ इलाकों को हॉटस्पॉट घोषित किया जाए। उसके बाद शिवराज सरकार ने देर शाम प्रदेश के 15 जिलों के 46 इलाकों को हॉटस्पॉट घोषित कर दिया। साथ ही भोपाल में भी टोटल लॉक डाउन  की अवधि को 14 अप्रैल तक बढ़ाने का फैसला किया। अब सरकार अगले कदम के तौर पर लॉक डाउन की अवधी बढ़ाने और भीलवाड़ा फॉर्मूला अपनाने की तैयारी में है।