भोपाल। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रदेश की जनता से कोरोना से बचाव के लिए आवश्यक सावधानियाँ बरतने के साथ ही डेंगू के प्रसार को रोकने में सहयोग की अपील की है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा है कि हमारे घरों के आस-पास अनावश्यक रूप से पानी का जमाव हो जाने से डेंगू पैदा करने वाले लार्वा को पनपने का मौका मिलता है। जागरूकता से कोरोना और डेंगू के साथ ही अन्य संक्रामक रोगों को रोका जा सकता है। उपचार से बेहतर है, एहतियात। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने विभिन्न जनमाध्यमों से प्रदेश के नागरिकों से आग्रह किया है कि 15 सितम्बर को “डेंगू से जंग जनता के संग” अभियान में शामिल होकर डेंगू की जड़ों पर प्रहार करें और अपनी एवं परिजनों सहित आस-पड़ोस के लोगों की स्वास्थ्य की रक्षा में सहभागी बनें।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि पिछले डेढ़ साल से हम लगातार कोरोना के खिलाफ जंग लड़ रहे हैं। जनता के सहयोग से यह संभव हुआ है। मुझे यह कहते हुए संतोष है कि तात्कालिक रूप से कोरोना पर नियंत्रण पाने में हम लोग सफल रहे हैं। लेकिन असावधान नहीं रहना है। सावधानी जरूरी है और कोविड से जंग में सबसे महत्वपूर्ण है वैक्सीनेशन। हम टीका लगवाएं। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के कुशल नेतृत्व में वैक्सीनेशन का काम मध्यप्रदेश में भी तेजी से चल रहा है। प्रधानमंत्री जी फ्री में वैक्सीन हमें दे रहे हैं। मध्यप्रदेश में अब तक 75 प्रतिशत से ज्यादा भाई-बहनों को, पात्र आबादी को वैक्सीन का पहला डोज़ लगाया जा चुका है। लेकिन अभी भी लोग वैक्सीनेशन का लाभ लेने से बचे हुए हैं। हमारा संकल्प है कि 30 सितम्बर तक हम मध्यप्रदेश की पात्र जनसंख्या को वैक्सीन का पहला डोज़ लगा देंगे।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि याद रखिए केवल पहला टीका पर्याप्त नहीं है। पहले टीके के बाद दूसरा टीका लगवाना मतलब वैक्सीन का दूसरा डोज़ लेना भी जरूरी है और इसलिए अगर पहला टीका लगवाने के बाद समयावधि पूरी हो गई हो तो दूसरा टीका लगवाना मत भूलिए, तभी कोविड से पूरी सुरक्षा आपको मिलेगी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि मेरी आपसे प्रार्थना है कि अभी तक आपने वैक्सीन न लगवाई हो तो बिल्कुल देर मत कीजिए। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने अब तक प्रथम डोज़ या दोनों डोज़ न लगवा सके नागरिकों से आग्रह किया है कि अपने निकट के वैक्सीनेशन सेंटर पर जाएं। तत्काल टीका लगवाइए और केवल आप ही नहीं परिवार में अगर कोई बचा हो जो टीका न लगवा पाया हो तो अपने परिजनों को टीका लगवाएं, पड़ोसियों को टीका लगवाएं, रिश्तेदारों को टीका लगवाएं, ग्रामवासियों को टीका लगवाएं, यह आपकी भी ड्यूटी है कि कोई बिना टीके के न रहे।
