बेगमगंज। गणेश प्रतिमाओं की स्थापना अपनी मान्यता के अनुसार एक दिन से लेकर तीन दिन, पांच दिन, सात दिन और नौ दिन तक की जाती है। दसवें दिन यानी अनंत चतुदर्शी के मौके पर उनका विसर्जन किया जाता है। लोक कल्याण के लिए हे गणनायक अगले बरस जल्दी आना के उद्घोष के साथ हिंदू उत्सव समिति के तत्वाधान में दशहरा मैदान से श्री गणेश विसर्जन चल समारोह सामूहिक आरती के उपरांत शुरू किया गया। पूरे शहर की करीब 50 झांकियां विभिन्न मार्गों से होती हुई दशहरा मैदान पहुंची जहां पर हिंदू उत्सव समिति के अध्यक्ष संजय राय और उनके साथियों द्वारा पूजा अर्चना के उपरांत चल समारोह का शुभारंभ किया गया।
चल समारोह दशहरा मैदान से बस स्टैंड, पुराना स्टैंड,गांधी बाजार, कबीट चौराहा, बजरिया, जामा मस्जिद रोड, पक्का फाठक, गणेश मंदिर से होता हुआ सेमरी एवं बिना नदी के घाटों पर विसर्जन के लिए पहुंचे जहां विधि विधान के साथ गोताखोरों की मौजूदगी और प्रशासनिक अधिकारियों की निगरानी में गणेश जी की मूर्तियां का विसर्जन किया गया।
विसर्जन चल समारोह में युवक डीजे पर बज रहे भजनों पर थिरकते और जयकारे लगाते हुए चल रहे थे वहीं अखाड़ों के युवा ढोलको की थाप पर लेझमों के विभिन्न कर्तव्य दिखाते हुए चल रहे थे। चल समारोह मार्गों पर महिलाएं और पुरुष दर्शन करने के लिए उपस्थित थे जहां उन्होंने गणपति बप्पा को अंतिम विदाई देते हुए आरती उतारी और प्रसाद चढ़ाया।
हिंदू उत्सव समिति एवं हिंदू युवा सेवा दल के कार्यकर्ता व्यवस्थाएं करते नजर आए वहीं पुलिस प्रशासन और प्रशासनिक अधिकारी व्यवस्थाओं पर बराबर नजर रखे रहे।


