टीकमगढ़। बुंदेलखंड के सागर के बाद अब टीकमगढ़ में एक कोरोना संक्रमित मिला है। यहां लमेरा गांव में जिस मरीज की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है, वह इंदौर में डॉ. पंजवानी के यहां कंपाउंडर था। इसकी पुष्टि प्रशासन ने भी की है। डॉ. पंजवानी का पिछले सप्ताह कोरोनावायरस के संक्रमण के चलते निधन हो गया है।
बताया गया कि युवक अपने परिवार के साथ 28 मार्च को इंदौर से टीकमगढ़ आया था। इसके बाद संदिग्ध होने पर डॉक्टरों ने 10 अप्रैल को जांच के लिए सैंपल भोपाल भेजे। 14 अप्रैल की सुबह भोपाल से दूरभाष के जरिए 30 साल के युवक की कोरोना पॉजिटिव होने की सूचना दी गई। सीएमएचओ डॉ. एमके प्रजापति ने बताया कि परिवार में चार लोगों के सैंपल लिए गए थे। गांव को सील कर दिया है। युवक के परिवार के अन्य 4 सदस्यों की भी तबीयत ठीक नहीं है। उनके भी संक्रमित होने की आशंका है। स्वास्थ्य विभाग ने उनके सैंपल फिर से लेकर जांच के लिए भेजे हैं।
इंदौर के डॉक्टर पंजवानी के कंपाउंडर की रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद टीकमगढ़ में लमेरा गांव में सन्नाटा पसरा है। यह गांव बल्देवगढ़ ब्लॉक में आता है।
कोरोना पॉजिटिव के गांव में दहशत
यहां लमेरा गांव में दहशत के चलते लोगों ने दरवाजे तक बंद कर लिए हैं। मरीज के परिजन को पहले ही क्वारैंटाइन किया जा चुका है। घर के आसपास के क्षेत्र को कैंटोनमेंट एरिया और उसके बाद एक किलोमीटर के इलाके को बफर जोन घोषित कर दिया गया है। घर के आसपास के इलाके में बैरिकेटिंग कराई जा रही है।
इससे पहले सागर में मिला था पॉजिटिव मरीजचार दिन पहले सागर में एक संक्रमित मिला था। स्वास्थ्य विभाग की टीम को संक्रमित मरीज के पिता ने बताया कि वे जबलपुर गए थे। लेकिन, उनका बेटा कहीं नहीं गया। रिपोर्ट आने से पहले संक्रमित युवक ने सागर की कई बस्तियों में घर-घर जाकर मुफ्त में सब्जी बांटने का काम किया था। बीमार होने पर वह खुद अस्पताल पहुंचा था।
