भोपाल। मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा उपभोक्ताओं को बेहतर सेवाएँ देने एवं विद्युत वितरण प्रणाली में सुधार के लिये 351 वितरण केन्द्रों में संपर्क-निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। अभियान में वितरण केन्द्र में सुधार की दृष्टि से कंपनी मुख्यालय के विद्युत इंजीनियर, वित्त, सूचना प्रौद्योगिकी, सुरक्षा आदि विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों को भेजा जा रहा है। अब तक 35 वितरण केन्द्र का निरीक्षण वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा किया जा चुका है।
अभियान में खरीफ एवं रबी मौसम के दौरान 11 के.व्ही. फीडरों पर आने वाले भार की समीक्षा एवं भार प्रबंधन, 11 के.व्ही. फीडर के लोड एवं पॉवर ट्रांसफार्मर के भार की समीक्षा एवं अतिभारित पाये जाने पर भार सीमा क्षमता के भीतर सीमित करने के लिये कार्य-योजना बनाकर क्रियान्वित किया जाएगा। इसी प्रकार 33/11 उपकेन्द्रों से निर्गमित कृषि एवं गैर कृषि 11 के.व्ही. फीडर के संचालन का लॉग बुक से सत्यापन, ऑपरेटर द्वारा आई.एस.एच.एम.एस. में व्यवधान दर्ज करने का सत्यापन एवं दर्ज व्यवधान की समीक्षा, कैपेसिटर बैंकों के सुचारू संचालन एवं फीडर बन्द होने के कारणों जैसे शटडाउन, ब्रेकडाउन या ट्रिपिंग की समीक्षा एवं सुधारात्मक कदम उठाने की कार्य-योजना भी तैयार की जाएगी।
अभियान के दौरान इन फीडरों के सी.आर.पी.यू. और राजस्व संग्रहण की समीक्षा, राजस्व संग्रहण में वृद्धि के उपाय, विद्युत बकायादारों के कनेक्शनों को काटने एवं कनेक्शन का भौतिक सत्यापन तथा अवैधानिक विद्युत संयोजनों की जाँच, विद्युत न्यायालयों में लंबित प्रकरणों की स्थिति, फ्लैट रेट पम्प कनेक्शनों की बिलिंग की समीक्षा, जोन/वितरण केन्द्र के अस्थायी कृषि पम्प विद्युत कनेक्शनों को स्थायी संयोजनों में परिवर्तित कराने का कार्य तथा मीटर डायरी चेक करना, विद्युत उपभोक्ताओं की शिकायत का निवारण और नवीन विद्युत संयोजनों को कनेक्शन भी दिये जा रहे हैं।
संपर्क अभियान में प्राप्त सुझावों तथा कमियों के आधार पर रणनीति बनाकर विद्युत प्रणाली एवं उपभोक्ता सेवा सुधार कार्यक्रम लागू किया जाएगा। इससे आगामी रबी सीजन में कृषि उपभोक्ताओं को 10 घंटे तथा आबादी एवं व्यवसाय को 24 घंटे गुणवत्तापूर्ण एवं निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित होगी।
अभियान के दौरान इन फीडरों के सी.आर.पी.यू. और राजस्व संग्रहण की समीक्षा, राजस्व संग्रहण में वृद्धि के उपाय, विद्युत बकायादारों के कनेक्शनों को काटने एवं कनेक्शन का भौतिक सत्यापन तथा अवैधानिक विद्युत संयोजनों की जाँच, विद्युत न्यायालयों में लंबित प्रकरणों की स्थिति, फ्लैट रेट पम्प कनेक्शनों की बिलिंग की समीक्षा, जोन/वितरण केन्द्र के अस्थायी कृषि पम्प विद्युत कनेक्शनों को स्थायी संयोजनों में परिवर्तित कराने का कार्य तथा मीटर डायरी चेक करना, विद्युत उपभोक्ताओं की शिकायत का निवारण और नवीन विद्युत संयोजनों को कनेक्शन भी दिये जा रहे हैं।
संपर्क अभियान में प्राप्त सुझावों तथा कमियों के आधार पर रणनीति बनाकर विद्युत प्रणाली एवं उपभोक्ता सेवा सुधार कार्यक्रम लागू किया जाएगा। इससे आगामी रबी सीजन में कृषि उपभोक्ताओं को 10 घंटे तथा आबादी एवं व्यवसाय को 24 घंटे गुणवत्तापूर्ण एवं निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित होगी।