- पन्ना पुलिस ने रिटायर्ड डीएसपी और पत्नी के खिलाफ दर्ज की एफआईआर और थाने से लेकर कोर्ट तक ले गए
- मप्र राज्य पुलिस सेवा पेंशनर्स एसोसिएशन ने प्रदेशभर में डीजीपी के नाम ज्ञापन देकर लगाए गंभीर आरोप
भोपाल । रिटायर्ड डीएसपी और उनकी पत्नी के खिलाफ चेकिंग के दौरान विवाद के बाद पन्ना पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर थाने ले गई, जिनको बाद में कोर्ट से जमानत मिलने के बाद छोड़ा गया। इसके विरोध में मध्य प्रदेश राज्य पुलिस सेवा पेंशनर्स एसोसिएशन सड़कों पर उतर आया है। एसोसिएशन ने महिला थाने की पुलिस द्वारा चेकिंग सहित एफआईआर और गिरफ्तारी को लेकर गंभीर आरोप लगाते पन्ना पुलिस के बजाय किसी अन्य एजेंसी से जांच की मांग की है।
यह वाकया बीते 7 अप्रैल का है, जब पन्ना जिले में मडला थाने का स्टाफ वाहन चेकिंग में तैना था। आरोप है कि एक कार को रोकने पर उसमें सवार रिटायर्ड डीएसपी भरत सिंह चौहान एवं उनकी पत्नी राजश्री राजा चौहान ने अभद्रता की और बंदूक तान दी। इस पर आरक्षक बाबू साहू की रिपोर्ट पर शासकीय कार्य में बाधा और जान से मारने की धमकी दिए जाने की धाराओं में एफआईआर दर्ज करके पति-पत्नी को गिरफ्तार करके थाने ले जाया गया। इसके बाद सीजेएम कोर्ट पन्ना में पेश करने पर जमानत मंजूर होने पर रिहा किया गया। इस दौरान वकीलों ने डीएसपी दंपत्ति के खिलाफ दर्ज मामले पर कडा विरोध जताया और पुलिस पर किसी भी हाल में जेल भेजने की साजिश का आरोप भी लगाया।
एफआईआर दर्ज की जा कर जांच की जा रही
रुटीन चेकिंग के दौरान पुलिस अमले के साथ अभद्रता की गई और बंदूक अड़ाकर मारने की धमकी दी गई। मौके पर बनाए वीडियो में साफ है कि आरोपी ने अपशब्द कहे और धमकी दी। इस पर एफआईआर दर्ज की जा कर जांच की जा रही है।
-निवेदिता नायडू, एसपी, पन्ना
पन्ना पुलिस के बजाय अन्य एजेंसी से जांच की मांग
मध्य प्रदेश राज्य पुलिस सेवा पेंशनर्स एसोसिएशन ने इंदौर, ग्वालियर और भोपाल सहित प्रदेशभर में ज्ञापन सौंपे गए हैं। भोपाल में पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाणा से मिलकर घटना को अमानवीय, अवैध और निंदनीय बताते हुए जांच पन्ना पुलिस के बजाय किसी दूसरी एजेंसी से कराने की मांग की। साथ ही रिटायर हो चुके पुलिस अधिकारियों के साथ ऐसी घटनाएं दोबारा नहीं होने का तंत्र स्थापित करने की मांग की।
एफआईआर दर्ज की जा कर जांच की जा रही
रुटीन चेकिंग के दौरान पुलिस अमले के साथ अभद्रता की गई और बंदूक अड़ाकर मारने की धमकी दी गई। मौके पर बनाए वीडियो में साफ है कि आरोपी ने अपशब्द कहे और धमकी दी। इस पर एफआईआर दर्ज की जा कर जांच की जा रही है।
-निवेदिता नायडू, एसपी, पन्ना
पन्ना पुलिस के बजाय अन्य एजेंसी से जांच की मांग
मध्य प्रदेश राज्य पुलिस सेवा पेंशनर्स एसोसिएशन ने इंदौर, ग्वालियर और भोपाल सहित प्रदेशभर में ज्ञापन सौंपे गए हैं। भोपाल में पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाणा से मिलकर घटना को अमानवीय, अवैध और निंदनीय बताते हुए जांच पन्ना पुलिस के बजाय किसी दूसरी एजेंसी से कराने की मांग की। साथ ही रिटायर हो चुके पुलिस अधिकारियों के साथ ऐसी घटनाएं दोबारा नहीं होने का तंत्र स्थापित करने की मांग की।
एसोसिएशन ने साफ कहा कि पन्ना पुलिस के द्वारा भरत सिंह चौहान एवं उनकी धर्मपत्नी पर जिन धाराओं में अपराध पंजीबद्ध किया गया है, वह अनावश्यक तौर पर बदले की भावना से लगाई गई हैं। साथ ही कोशिश की गई कि किसी भी तरह जेल भेजा जा सके। वहीं महिला थाना पुलिस द्वारा चेकिंग पर सवाल उठाए गए हैं।
डीजीपी को ज्ञापन देने में एसोसिएशन अध्यक्ष कुुंजबिहारी शर्मा पूर्व डीआईजी, उपाध्यक्ष सलीम खान, सचिव नरेंद्र सक्सेना, मीडिया प्रभारी शंभूनाथ मुखर्जी के साथ कार्यकारिणी सदस्य डीपी जुगादे, नवीन अवस्थी, केके रजक, जवाहर पटले एवं गिरीश बोहरे आदि थे।
