भोपाल। मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने कहा है कि 'आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश' बनाने के लिए यथासंभव 'लोकल' का प्रयोग करें। भारत सरकार के आत्मनिर्भर भारत मिशन को मध्यप्रदेश की स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप चलाया जाए। विशेषज्ञों का समूह बनाए जाकर उनके सुझावों के आधार पर 'आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश' की विस्तृत योजना बनाई जाए।
मुख्यमंत्री चौहान आज मंत्रालय में आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश संबंधी बैठक ले रहे थे। बैठक में स्कूल ऑफ गुड गवर्नेंस के महानिदेशक आर.परशुराम, मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैंस, प्रमुख सचिव मनीष रस्तोगी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस प्रकार की योजना बनाई जानी चाहिए कि किसानों को उनके उत्पादों का सही दाम मिले। कृषि विपणन को बेहतर बनाए जाने की आवश्यकता है। कृषि में विविधता आए। किसान ऐसी फसल लें जो उन्हें अच्छी आमदनी दिलवाए। एग्रीकल्चर पैटर्न को बेहतर बनाया जाए। छोटे किसानों को अधिक से अधिक लाभ मिले। कोल्ड स्टोरेज की सुविधा बढ़े।
