मंत्री श्री परमार ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के कुशल नेतृत्व में राज्य सरकार, विद्यार्थियों को राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के परिप्रेक्ष्य में गुणवत्तापूर्ण एवं रोजगारपरक उच्च शिक्षा प्रदान करने की दिशा में प्रतिबद्धता से सतत् कार्य कर रही है। उच्च शिक्षा के क्षेत्र में लगातार नवीन आयाम स्थापित हो रहे हैं। उच्च शिक्षण संस्थानों में विद्यार्थियों के समग्र विकास एवं प्रगति के साथ, शैक्षणिक एवं अकादमिक स्तर पर उत्तरोत्तर गुणवत्ता वृद्धि हो रही है।
मंत्री श्री परमार ने कहा कि उच्च शिक्षा उत्कृष्टता संस्थान के निदेशक डॉ प्रज्ञेश अग्रवाल के नेतृत्व में संस्थान परिवार अपने पुरुषार्थ से सतत् नए आयाम स्थापित कर रहा है और अन्य संस्थानों के लिए अभिप्रेरणा का केंद्र बनने की ओर अग्रसर है। संस्थान का उच्च शिक्षा के क्षेत्र में राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क के निर्धारित मानकों पर खरा उतरकर, उक्त उपलब्धि अर्जित करना प्रशंसनीय एवं सराहनीय है। श्री परमार ने कहा कि संस्थान, राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क के निर्धारित मानकों पर और अधिक बेहतर प्रदर्शन कर, अग्रणी श्रेणी में उत्कृष्ट स्थान अर्जित करने का प्रयास करें। मंत्री श्री परमार ने आशा व्यक्त करते हुए कहा कि प्रदेश के अन्य समस्त उच्च शिक्षण संस्थान भी, एनआईआरएफ के मानकों पर खरा उतरने के लिए प्रयास करें और राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क की श्रेणी में उत्कृष्ट स्थान अर्जित करें।
उच्च शिक्षा उत्कृष्टता संस्थान, भोपाल की उपलब्धियों में एक अध्याय और जुड़ चुका है। 4 सितम्बर को शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा जारी इंडिया रैंकिंग (NIRF, 2025) में उच्च शैक्षिक संस्थानों की रैंकिंग में उच्च शिक्षा उत्कृष्टता संस्थान (IEHE), भोपाल को गत वर्ष की भांति कॉलेज कैटेगरी में इस वर्ष भी 201 से 300 बैंड में रैंक प्राप्त हुई है। ज्ञातव्य है कि यह प्रदेश का एकमात्र संस्थान है, जिसे वर्ष 2024 में भी कॉलेज कैटेगरी में एनआईआरएफ रैंकिंग प्राप्त हुई थी, इस वर्ष भी संस्थान अपनी रैकिंग स्थिर रखने में सफल हुआ है। संस्थान की एनआईआरएफ समिति द्वारा निदेशक डॉ. प्रज्ञेश कुमार अग्रवाल के कुशल मार्गदर्शन में, डॉ. अनुज हुंडैत एवं डॉ. ए. एस. सलूजा के द्वारा रिपोर्ट तैयार कर एनआईआरएफ पोर्टल पर अपलोड की गई थी, जिसके परिणामस्वरुप यह उल्लेखनीय सफलता प्राप्त हुई है।
