गौरतलब है कि 5 सितंबर 2025 को शिक्षक दिवस के अवसर पर भोपाल में आयोजित राज्य स्तरीय शिक्षक सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सहायक शिक्षक, उच्च श्रेणी शिक्षक, प्राथमिक एवं माध्यमिक शिक्षक सहित खेल एवं संगीत शिक्षकों को चतुर्थ क्रमोन्नत वेतनमान देने की घोषणा की थी। इस निर्णय से राज्य सरकार पर लगभग 322 करोड़ रुपए का अतिरिक्त वित्तीय भार आएगा। मुख्यमंत्री ने उस समय कहा था कि शिक्षकों के योगदान से ही प्रदेश का शैक्षणिक परिदृश्य बदलेगा और राष्ट्रीय शिक्षा नीति के माध्यम से शिक्षा के क्षेत्र में प्रदेश को उच्च स्तर पर ले जाया जाएगा।
इस आदेश के पूर्व प्रदेश के शैक्षणिक जगत का बड़ा संगठन मध्यप्रदेश शिक्षक संघ, जो शासन से मान्यता प्राप्त है, लगातार दो वर्षों से इस मांग को लेकर प्रयासरत था। संघ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. क्षत्रवीर सिंह राठौर एवं महामंत्री राकेश गुप्ता सहित पूरे संगठन द्वारा लगातार शासन स्तर पर प्रयास किए गए।
हाल ही में शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राठौर ने मध्य प्रदेश शासन के वित्त विभाग के अपर मुख्य सचिव मनीष रस्तोगी, सामान्य प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव संजय शुक्ला तथा स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. संजय गोयल से भेंट कर 13 जनवरी को कैबिनेट में निर्णय होने के बावजूद आदेश जारी होने में हो रही देरी पर आपत्ति जताई थी।
हाल ही में शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राठौर ने मध्य प्रदेश शासन के वित्त विभाग के अपर मुख्य सचिव मनीष रस्तोगी, सामान्य प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव संजय शुक्ला तथा स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. संजय गोयल से भेंट कर 13 जनवरी को कैबिनेट में निर्णय होने के बावजूद आदेश जारी होने में हो रही देरी पर आपत्ति जताई थी।
इसके बाद प्रक्रिया में तेजी आई और आदेश जारी कर दिया गया तथा आदेश की प्रति प्रदेश अध्यक्ष डा. क्षत्रवीर सिंह राठौर को उपलब्ध कराई गई। इस दौरान भोपाल संभाग अध्यक्ष विकास चौहान, रायसेन जिला अध्यक्ष गिरीश चंदेल, ग्वालियर संभागीय अध्यक्ष शैलेश खरे सहित अन्य पदाधिकारी भी उपस्थित रहे। मध्य प्रदेश शिक्षक संघ ने शासन एवं प्रशासन के अधिकारियों के प्रति आदेश जारी होने पर आभार व्यक्त किया है।
