Type Here to Get Search Results !

निलंबन से बहाली के बदले 53,999 रुपए का मोबाइल मांगने वाला लेखापाल रंगेहाथों पकड़ा गया

  • लोकायुक्त के मामले में सस्पेंड सचिव को हाईकोर्ट के आदेश के बाद भी 8 महीने से लटकी थी बहाली

कटनी। लोकायुक्त मामले में सह आरोपी होने से सस्पेंड हो चुके पंचायत सचिव को बहाल करने के बदले 53999 रुपए कीमती मोबाइल फोन मांगने और फिर उसके बदले नगद राशि की रिश्वत लेने वाले कटनी जिला पंचायत के लेखापाल को लोकायुक्त जबलपुर की टीम ने रंगे हाथों धर दबोचा है। इसके साथ ही बहाली वाली फाइल को अटकाने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों की भी जांच शुरु हो गई है।                                                                  




इस बारे में लोकायुक्त के जबलपुर आफिस पहुंच कर आवेदक आशीष कुमार दुबे पिता ओंकार प्रसाद दुबे उम्र 40 साल निवासी ग्राम निगहरा तहसील बडवारा जिला कटनी ने शिकायत की थी। शिकायत के अनुसार लोकायुक्त के मामले में आवेदक को सह आरोपी बनाया गया था, जिसके बाद उसको सस्पेंड कर दिया गया था। इसके विरोध में आवेदक आशीष कुमार दुबे ने हाईकोर्ट में याचिका लगाई थी, जिस पर सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने जिला पंचायत कटनी के संबंधित अधिकारी को आदेश दिए थे कि आवेदक आशीष के मामले की सुनवाई करके बहाली पर निर्णय लिया जाए। हालांकि इसके बाद भी बहाली के मुद्दे पर सुनवाई नहीं की गई और करीब आठ महीने से फाइल के अटकाए रखा गया था। इसी फाइल पर सुनवाई पूरी करके बहाली के बदले लेखापाल सत्येंद्र सोनी ने वीवी कंपनी के मोबाइल वी-70 की डिमांड की, जिसकी कीमत 53,999 रुपए है। इसके बाद मोलभाव हुआ और मोबाइल के बदले नगद देने पर बात बनी। इसकी पहली किश्त 5 हजार रुपए और बहाली के बाद पहली सेलरी मिलने पर 10 हजार रुपए देना तय हुआ।


जिला पंचायत की स्थापना शाखा में रिश्वत लेते पकड़ा गया

पुलिस महानिदेशक लोकायुक्त योगेश देशमुख के भ्रष्टाचार के विरुद्ध सख्त कार्यवाही किए जाने के निर्देश एवं पुलिस उप महानिरीक्षक मनोज सिंह के मार्गदर्शन में जबलपुर लोकायुक्त इकाई की पुलिस अधीक्षक अंजू पटेल ने ट्रैप टीम बनाई। इसमें टीएलओ निरीक्षक राहुल गजभिए, निरीक्षक बीएम नरवरिया , आरक्षक अमित मंडल, विजय बिष्ट, पुनीत सिंह, सतीश कौशल और लोकायुक्त जबलपुर का दल था। इस टीम ने जिला पंचायत कटनी की घेराबंदी की और आवेदक को रिश्वत राशि 5 हजार रुपए आरोपी को देने भेजा गया। इसके बाद जैसे ही आरोपी ने रिश्वत ली, वैसे ही लोकायुक्त टीम ने आरोपी लेखापाल सत्येंद्र सोनी, पिता स्व मुलायम चंद सोनी उम्र 48 वर्ष, लेखापाल जिला पंचायत कटनी को स्थापना शाखा में पकड़ लिया। आरोपी के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधन)2018 की धारा-7,13 (1) इ, 13 (2) के अंतर्गत कार्यवाही की गई।


कोर्ट आर्डर के बाद भी बहाली फाइल अटकाने वालों की जांच होगी

हाईकोर्ट के आदेश थे कि सस्पेंड सचिव की सुनवाई करके बहाली की जाए, लेकिन इस फाइल को करीब 8 महीने से अटकाए रखा गया था। इसी फाइल को करवाने के बाद 53 हजार रुपए के मोबाइल की रिश्वत मांगी गई और उतनी कीमत की रिश्वत ली जा रही थी। अब फाइल अटकाने वाले सभी संबंधित के खिलाफ जांच होगी, जिसके नतीजों के आधार पर अग्रिम कार्रवाई होगी।

-अंजू पटले,
पुलिस अधीक्षक, लोकायुक्त जबलपुर

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.