यह संस्थान भारतीय सेना द्वारा संचालित 'हाई एल्टीट्यूड वारफेयर स्कूल' के अंतर्गत आता है, जहाँ अंकित ने शून्य से नीचे के तापमान और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों में कड़ी ग्राउंड ट्रेनिंग ली।
विविध साहसिक खेलों के खिलाड़ी हैं अंकित
अंकित कराड़े केवल स्नोबोर्डिंग तक ही सीमित नहीं हैं। वे बहुमुखी प्रतिभा के धनी हैं और जिले के पहले एवं एकमात्र लाइसेंस प्राप्त पैराग्लाइडर पायलट भी हैं। एडवेंचर स्पोर्ट्स के प्रति उनका समर्पण उन्हें अन्य युवाओं से अलग बनाता है।
अंकित इन खेलों में भी रखते हैं महारत:
हवाई खेल: पैराग्लाइडिंग
जल क्रीड़ा: फ्लाई बोर्डिंग, रिवर राफ्टिंग, व्हाइट वॉटर कयाकिंग, स्कूबा डाइविंग और सर्फिंग।
अन्य साहसिक खेल: हॉर्स राइडिंग, क्लिफ जंपिंग और ट्रेकिंग।
अगला लक्ष्य: रशिया में स्काईडाइविंग

अपनी इस उपलब्धि के बाद अंकित अब रुकने वाले नहीं हैं। उनका अगला लक्ष्य सात समंदर पार रशिया (Russia) में स्काईडाइविंग का विशेष प्रशिक्षण लेना और इंटरनेशनल 'ए' लाइसेंस प्राप्त करना है। अंकित की यह सफलता जिले के उन तमाम युवाओं के लिए प्रेरणा है जो लीक से हटकर कुछ नया करने का जज्बा रखते हैं।
सम्पादकीय नोट: छिंदवाड़ा जैसे शहर से निकलकर अंतरराष्ट्रीय स्तर के साहसिक खेलों में पहचान बनाना गौरव की बात है। अंकित की यह उपलब्धि एडवेंचर टूरिज्म और स्पोर्ट्स के क्षेत्र में जिले की नई पहचान दर्ज करा रही है।
