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इंदौर में संक्रमितों का आंकड़ा 878 तक पहुंचा, दिल्ली भेजे गए 1142 सैंपल में से 383 मिले संक्रमित


इंदौर। कोरोना संक्रमण से पॉजिटिव मरीजों की संख्या में शुक्रवार को और इजाफा हुआ। दिल्ली से आई रिपोर्ट में 36 और मरीजों में कोरोना की पुष्टि हुई है। इसके साथ ही पॉजिटिव मरीजों का आंकड़ा 878 हो गया है, जबकि 47 लोगों की मौत हो चुकी है। दिल्ली भेजे गए 1142 सैंपल में से कुल 383 लोगों में संक्रमण पाया गया है। इस हिसाब से करीब 33 फीसदी लोगों की रिपोर्ट दिल्ली से पॉजिटिव आई है। वहीं, 759 लोगों निगेटिव पाए गए हैं। इसके अलावा अब तक इंदौर के 40 और खरगोन के तीन मिलाकर कुछ 43 लोग ठीक हो चुके हैं।

शहर में लगातार बढ़ते आंकड़ों पर कलेक्टर मनीष सिंह ने कहा कि जनवरी-फरवरी में विदेशों से पांच -छह हजार यात्री इंदौर आए, इनके कारण ही मुख्य तौर पर कोरोना फैला है। क्योंकि विदेश के अलावा इसका कहीं कोई सोर्स नहीं था। कलेक्टर ने कहा कि उस समय यदि एयरपोर्ट पर यात्रियों की अच्छी स्क्रीनिंग हो जाती और उन्हें क्वारैंटाइन किया जाता तो यह हालत नहीं होती। उन्होंने बताया कि दिल्ली भेजे गए सैंपल में जो आंकड़े सामने आए हैं, उसकी हमें पहले से ही उम्मीद थी। इसका कारण यह है ये लोग पहले से संक्रमित व्यक्ति के सीधे संपर्क में थे। इन्हें चिह्नित कर पहले ही क्वारैंटाइन हाउस भेज दिया गया था।
गुरुवार को मिले थे सबसे ज्यादा 244 मरीज
गुरुवार को अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा सामने आया था। दिल्ली और एमजीएम मेडिकल कॉलेज के सैंपल की रिपोर्ट में 244 नए मरीज मिले। इसके साथ ही शहर में संक्रमित मरीजों की संख्या 842 पर पहुंच गई थी। वहीं, 8 लोगों की मृत्यु की पुष्टि की गई। इसमें सराफा बाजार के दो व्यापारी भाई शामिल हैं। इससे भी चौंकाने वाली बात ये है कि हफ्तेभर में सराफा में 5 व्यापारियों की मृत्यु हो चुकी है। बाकी तीन व्यापारियों की रिपोर्ट बाकी है।
एमवाय का लैब टेक्नीशियन कोरोना की चपेट 
अफसरों का दावा है कि क्वारैंटाइन लोगों के सैंपल खत्म होते ही शहर में पॉजिटिव मरीजों का आंकड़ा कम होगा। इसी बीच, एमवाय के ब्लड बैंक में पदस्थ लैब टेक्नीशियन कोरोना की चपेट में आ गया है। कुछ दिन पहले वह सर्दी-खांसी की जांच के लिए कोरोना स्क्रीनिंग सेंटर गया था, लेकिन उसकी वहां कोविड की जांच करने से इनकार कर दिया। सांस लेने में तकलीफ होने लगी, तब जांच हुई, पर उसके बाद भी उसे घर भेज दिया। इतना ही नहीं, इसके बाद वह तीन दिन तक ब्लड बैंक में ड्यूटी करता रहा। इस दौरान रक्तदाता और स्टॉफ के भी संपर्क में आने की बात सामने आई है। महू थाने के स्टेशन इंचार्ज (एसएचओ) आदित्य मिश्रा की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है। ये अपने पॉजिटिव पीरियड में थाने के इंचार्ज बने। एएसपी अमित तोलानी की भी रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। अंदेशा है कि उनके संपर्क में रहने से मिश्रा भी इसके शिकार हुए हैं।

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