खरीदी केन्द्र पर भूरेरू पर परिवहन के लिए रखा गेहूॅं
बेगमगंज। शासकीय समर्थन मूल्य खरीदी केन्द्रों पर परिवहन की गति धीमी होने से हजारो क्विंटल अनाज परिवहन के लिए रखा हुआ है। आए दिन आसमान पर बादल छाने और हल्की बारिश के कारण जहां खरीदे गए अनाज पर पानी की बौझारे पड़ रहीं है वहीं किसानों का अनाज भी भीगने से उन्हें उसकी सुरक्षा को लेकर परेशानी उठाना पड़ रही है उन किसानों को अधिक परेशानी हो रही है जिन्होने गेहूॅ तुलवाने के लिए किराए के वाहन से अनाज लाकर वहीं खुले आसमान के नीचे रख लिया है। यहीं कारण है कि खरीदी केन्द्रों पर एसएमएस देने के बाद भी उन्हें अपने ही घरों पर रोका जा रहा है ताकि परिवहन होते ही उन्हें बुलवा लिया जाएगा। ग्राम में सुमेर में दो खरीदी केन्द्र समेर और भुरेरू पर किसानों को अपना गेहूॅ तुलवाने के लिए तीन से चार दिन का इंतेजार करना पड़ रहा है बड़े किसान अपनी बारी का इंतेजार कर रहे है। दोनो ही खरीदी केन्द्र खेतों में बनाए गए है जहां गेहूॅ को सुरक्षित रखने के लिए कोई व्यापक व्यवस्था नहीं है। जिन किसानों का गेहूॅ ट्राली के अंदर भरा हुआ है वे तो बरसाती से उसकी सुरक्षा बरसात से कर रहे है लेकिन जिन्होने खेतों में ट्राली खाली करवाली है उन्हें अपना गेहूॅ बचाने की मुश्किल हो रही है। वहीं केन्द्र प्रभारी या प्रबंधक आए दिन हो रही हल्की बारिश से
हजारों क्विंटल गेहूॅ बचाने के लिए सतत प्रयत्नशील है ओर परिवहन की गति बढ़ाने के लिए प्रयासरत है।
होना है परिवहनः- भुरेरू खरीदी केन्द्र पर 9466 क्विंटल गेहूं परिवहन होना शेष है वहीं अब तक इस केन्द्र पर 33697 क्विंटल परिवहन किया जा चुका हैं। सुमेर खरीदी केन्द्र पर 5500 किक्वंटल गेहूॅ का परिवहन होना शेष है वहीं अब तक 30440 क्विंटल गेहूॅ का परिवहन किया जा चुका है। तीन दिन बाद भी नहीं आया नंबरः- जिन किसानों के पास 12-13 मई को एसएमएस आ चुके है उनकी तुलाई का नंबर अभी तक नहीं आ पाया है कुछ
तो अपना गेहूॅ खरीदी केन्द्र पर लेकर पहुंच गए है लेकिन बड़े किसान अपनी बारी के इंतेजार में अपना गेहूॅ लेकर इसीलिए नहीं पहुंचे है कि खरीदी केन्द्र पर दो तीन दिन का इंतेजार कौन करे यदि इस बीच जमकर बारिश हो जाती है तो उसकी सुरक्षा किस प्रकार की जाएगी।
क्या कहते है किसानः-
इस तरह खेतों में तुलाई के लिए रखा किसानों का गेहूॅ
सुमेर व भुरेरू खरीदी केन्द्र पर अपनी बारी का इंतेजार कर रहे कमल कुमार, भगवान सिंह, राशिद खांन राहुल तिवारी ने बताया कि वे बड़े किसान है और उनका गेहूॅ अधिक मात्रा मंे तुलना है 13 मई को एसएमएस आने के बाद भी अभी नंबर नहीं आया है। एक तो तौल कांटे कम है उसमें से भी कुछ बिगड़ जाते है जिन्हंे सुधरवाने भेजा जाता है। वहीं परिवहन की गति धीमी है जिससे खरीदी केन्द्र पर वाहन खड़ा करने के लिए स्थान ही नहीं है।इसलिए परिहवन में तेजी करना चाहिए ताकि समय पर उनकी तौल हो सके।इस संबंध मंे केन्द्र प्रबंधक नारायण सिंह पटेल का कहना है कि परिवहन में तेजी कराई जा रही है बड़े किसानों का गेहूॅ अधिक होने से तौल में समय लग रहा है तौल में और तेजी लाई जाएगी। किसी किसान को परेशान नहीं होने दिया जाएगा। सोशल डिस्टंेश का पालन करते हुए किसानांे को बुलाया जा रहा है।

